पहली बार बाबा अमरनाथ की आरती का हो रहा है सीधा प्रसारण, घर बैठे होंगे दर्शन
दूरदर्शन ने एक ट्वीट में इसका वीडियो लिंक भी शेयर किया है. इस सीधे प्रसारण (Live Telecast) के वीडियो को यूट्यूब (YouTube) पर भी डाला जाएगा. इस बार अमरनाथ यात्रा (Baba Amarnath) में कोरोना वायरस की वजह से देरी हुई है.
दिल्ली. पहली बार बाबा अमरनाथ (Baba Amarnath) की आरती का सीधा प्रसारण (Live Telecast) हो रहा है. लोग घरों पर बैठकर भी बाबा अमरनाथ की आरती देख सकते हैं. दूरदर्शन ने एक ट्वीट में इसका वीडियो लिंक भी शेयर किया है. इस सीधे प्रसारण को रिकॉर्ड कर यूट्यूब पर भी डाला जाएगा. गौरतलब है कि इस बार अमरनाथ यात्रा में कोरोना वायरस की वजह से देरी हुई है. 42 दिनों तक चलने वाली यह यात्रा 23 जून से शुरू होने वाली थी, लेकिन महामारी की वजह से इसमें विलंब हुआ. सूत्रों के मुताबिक श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड (SASB) जुलाई के आखिरी हफ्ते में इस यात्रा को 15 दिन की संक्षिप्त अवधि के लिए संचालित करने की योजना बना रहा है.
इस बार सीमित तरीके से होगी यात्रा'
अमरनाथ यात्रा को ‘सीमित तरीके’ से आयोजित करने पर जोर देते हुए जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने बीते शनिवार को कहा था कि सड़क मार्ग से 3,880 मीटर ऊंचाई पर स्थित पवित्र गुफा जाने के लिए रोजाना सिर्फ 500 यात्रियों को अनुमति दी जाएगी. प्रशासन ने यह भी कहा कि अमरनाथ तीर्थयात्रियों पर भी केंद्र शासित क्षेत्र में प्रवेश के दौरान की जाने वाली जांच की मानक संचालन प्रक्रिया लागू होगी. सुबह 7.30 से 8.20 बजे तक श्रावण मास में बाबा बर्फानी भोलेनाथ की आरती होगी. श्री अमरनाथ धाम से इसका सीधा प्रसारण होगा.
अमरनाथ यात्रा को ‘सीमित तरीके’ से आयोजित करने पर जोर देते हुए जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने बीते शनिवार को कहा था कि सड़क मार्ग से 3,880 मीटर ऊंचाई पर स्थित पवित्र गुफा जाने के लिए रोजाना सिर्फ 500 यात्रियों को अनुमति दी जाएगी. प्रशासन ने यह भी कहा कि अमरनाथ तीर्थयात्रियों पर भी केंद्र शासित क्षेत्र में प्रवेश के दौरान की जाने वाली जांच की मानक संचालन प्रक्रिया लागू होगी. सुबह 7.30 से 8.20 बजे तक श्रावण मास में बाबा बर्फानी भोलेनाथ की आरती होगी. श्री अमरनाथ धाम से इसका सीधा प्रसारण होगा.
इस बार अमरनाथ यात्रा पर जम्मू-कश्मीर में जाने वाले सभी लोगों के नमूने लेकर जांच की जाएगी और जब तक उनकी रिपोर्ट में संक्रमण नहीं मिलने की पुष्टि नहीं हो जाती तब तक वे क्वारंटाइन में रहेंगे. ‘यात्रा 2020’ की तैयारियों की समीक्षा के दौरान मुख्य सचिव ने कहा था कि कोविड-19 महामारी के मद्देनजर आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत गठित की गई राज्य कार्यकारी समिति ने मानक संचालन प्रक्रियाएं जारी की हैं और इसके तहत जम्मू-कश्मीर आने वाले शत प्रतिशत लोगों के लिए आरटीपीसीआर जांच की जानी है.
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